Subject Selection Rules

Subject Selection Rules

बिषय चयन सम्वन्धी नियम-

विश्वविद्यालय नियमानुसार विषयों का चयन निम्नवत होग।

विश्वविद्यालय के प्रत्येक डिग्री पाठयक्रम में प्रवेश योग्यतानुसार किया जाएगा ।

प्रवेश समिति की बैठक में संकायाध्यक्षों की संस्तुति के आधार पर विज्ञान एवं कला संकाय के विषय का अनुमोदन किया गया तदनुसार महाविद्यालय में िंनम्न समूह (ग्रुप)हैः

। बायोग्रुप - (क) जन्तु विज्ञान   (ख) वनस्पति विज्ञान (ग) रसायन विज्ञान

2 मैथ्सग्रुप - (क) भौतिक विज्ञान (ख) रसायन विज्ञान (ग) गणित

कला संकाय के अर्न्तगत विषय संयोजना निम्नवत होगी ।

1-बी.ए.प्रथम वर्ष एवं द्वितीय वर्ष में हिन्दी भाषा एवं अंग्रेजी भाषा में से एक विषय लेना अनिवार्य है

2-अभ्यर्थी अधिकतम दो साहित्यिक विषयों का चयन कर सकता है, महाविद्यालय में तीन साहित्यिक   विषय है हिन्दी,अंग्रेजी तथा संस्कृत ।

   महाविद्यालय स्तर पर अभ्यर्थी अंग्रेजी तथा संस्कृत विषयों में से एक साहित्य का चयन कर सकता है।

3-(ं) अभ्यर्थी महाविद्यालय में संचालित प्रायोगिक विषयों में से अधिकतम दो विषयों का चयन कर सकता है महाविद्यालय में गृहविज्ञान,चित्रकला,संगीत(गायन),मनोविज्ञान एंव भूगोल प्रायोगिक विषय है

  (इ) महाविद्यालय स्तर पर चित्रकला या संगीत में से एक विषय, गृहविज्ञान या मनोविज्ञान में से एक विषय तथा इतिहास या भूगोल में से एक विषय लिया जा सकता है ।

4-.अभ्यर्थी अर्थशास्त्र,समाजशास्त्र,राजनीतिशास्त्र एंव इतिहास विषय में से अधिकतम दो विषयों का चयन कर सकता है।

5-अनिवार्य विषय पर्यावरण की परीक्षा स्नातक स्तर पर प्रथम वर्ष में संस्थागत छात्रों के लिए अनिवार्य है अनुत्तीर्ण होने की दशा में तृतीय वर्ष की परीक्षा में सम्मिलित कराया जाएगा।

6.-स्नातक स्तर पर शारीरिक शिक्षा अनिवार्य विषय के रूप् में तीनों संकायों तथा तीनों वर्षो में लेना व उत्तीर्ण करना अनिवार्य होगा ।

टिप्पणीः-स्नातक स्तर पर प्रयोगिक विषयों का चुनाव करते समय उन्ही छात्राओं को वरीयता प्रदान की जाएगी जिनके पास इण्टरमीडिएट स्तर पर वह बिषय हो ।